हल्द्वानी। शहर में लगातार बिजली कटौती की शिकायतों के बीच विद्युत विभाग ने स्थिति स्पष्ट करते हुए दावा किया है कि हल्द्वानी में बिजली की कोई कमी नहीं है और स्थानीय स्तर पर किसी प्रकार की रोस्टिंग लागू नहीं की गई है। विभाग का कहना है कि पीक ऑवर में ट्रांसमिशन स्तर पर ओवरलोडिंग की स्थिति बनने पर बेहद सीमित और अस्थायी लोड शेडिंग की जाती है, लेकिन आम उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति देने के लिए पर्याप्त इंतजाम मौजूद हैं। साथ ही ऊर्जा बचत और संसाधनों के बेहतर उपयोग को लेकर विभाग ने ऑनलाइन कार्यप्रणाली को प्राथमिकता देने की बात भी कही है। विद्युत विभाग के अधीक्षण अभियंता रवि कुमार राजोरा ने कहा कि वर्तमान समय में बिजली आपूर्ति पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है और स्थानीय स्तर पर किसी तरह की कटौती या रोस्टिंग नहीं की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कभी-कभी पीक ऑवर के दौरान पिटकुल अथवा ट्रांसमिशन नेटवर्क में ओवरलोडिंग की स्थिति बनने पर स्थानीय स्तर पर सीमित अवधि के लिए लोड शेडिंग करनी पड़ती है, ताकि सिस्टम पर दबाव कम किया जा सके।
हालांकि यह प्रक्रिया अल्प समय के लिए होती है और नियमित बिजली आपूर्ति प्रभावित न हो, इसका पूरा ध्यान रखा जाता है। अधीक्षण अभियंता ने बताया कि क्षेत्र में पर्याप्त क्षमता वाले ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं और मुख्यालय स्तर पर बिजली व्यवस्था को और मजबूत बनाने के प्रयास जारी हैं। ट्रांसमिशन विभाग के अधिकारियों से भी समन्वय किया गया है, ताकि लाइन सिस्टम को बेहतर किया जा सके और टैप चेंजर जैसी तकनीकी व्यवस्थाओं में सुधार कर वोल्टेज संबंधी समस्याओं को रोका जा सके।प्रधानमंत्री की ईंधन बचत अपील के संबंध में उन्होंने कहा कि विभाग में ऊर्जा और संसाधन बचत को लेकर पहले से ही गंभीरता से काम किया जा रहा है। कोरोना काल के बाद से विभागीय बैठकों को ऑनलाइन माध्यम से संचालित किया जा रहा है और केवल अत्यावश्यक स्थिति में ही फिजिकल मीटिंग आयोजित की जाती है। उन्होंने कहा कि मुख्यालय स्तर से लेकर स्थानीय कार्यालयों तक अधिकतर बैठकें वर्चुअल माध्यम से ही की जा रही हैं, जिससे ईंधन की बचत के साथ समय और संसाधनों का भी बेहतर उपयोग सुनिश्चित हो रहा है।






