- 127 सैंपलों की जांच में सामने आए मामले
- अस्पतालों में ऑक्सीजन बेड रिजर्व
- सात दिन से अधिक खांसी-बुखार होने पर जांच कराने की अपील
हल्द्वानी। नैनीताल जिले में स्वाइन फ्लू के मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। जिले में अब तक स्वाइन फ्लू के 127 सैंपलों की जांच की जा चुकी है, जिनमें 18 सैंपल पॉजिटिव पाए गए हैं। संक्रमित मरीजों का जिले के विभिन्न अस्पतालों में उपचार चल रहा है। मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने सभी अस्पतालों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी नैनीताल डॉ. रश्मि पंत ने बताया कि स्वाइन फ्लू के संभावित खतरे को देखते हुए अस्पतालों में आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। अस्पतालों में ऑक्सीजन बेड भी रिजर्व रखे गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर मरीजों को तत्काल उपचार उपलब्ध कराया जा सके। स्वास्थ्य विभाग लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
सीएमओ ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी व्यक्ति को सात दिन से अधिक समय तक खांसी, बुखार, जुकाम या बीमारी से जुड़े अन्य लक्षण बने रहते हैं तो इसे नजरअंदाज न करें। ऐसे लोगों को अपने नजदीकी चिकित्सा केंद्र में पहुंचकर चिकित्सकीय जांच जरूर करानी चाहिए। समय पर जांच और उपचार से बीमारी को गंभीर होने से रोका जा सकता है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, फिलहाल केवल नैनीताल जिले के ही मरीज स्वाइन फ्लू का उपचार नहीं करा रहे हैं, बल्कि अन्य जिलों से स्वाइन फ्लू पॉजिटिव मरीज भी यहां पहुंचकर उपचार ले रहे हैं। ऐसे में अस्पतालों पर अतिरिक्त दबाव की स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने व्यवस्थाओं को मजबूत रखने पर जोर दिया है। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि लोगों को लक्षण दिखाई देने पर खुद से इलाज करने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए। वहीं, अस्पतालों को भी संदिग्ध और पॉजिटिव मामलों की निगरानी के साथ आवश्यक स्वास्थ्य व्यवस्थाएं बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।




