नैनीताल। पर्यटन सीजन के चलते नैनीताल जिले में बढ़ती पर्यटक गतिविधियों के बीच जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने जिले में आने वाले सभी पर्यटकों, श्रद्धालुओं, प्रवासियों एवं अतिथियों से यातायात नियमों का कड़ाई से पालन करने और स्थानीय संस्कृति व परंपराओं का सम्मान करने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड अपनी प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक विरासत और अतिथि सत्कार के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है, इसलिए यहां आने वाले प्रत्येक आगंतुक का दायित्व है कि वह इन मूल्यों को बनाए रखने में सहयोग करे। जिलाधिकारी ने कहा कि पर्यटक अपने वाहनों को सड़क किनारे अव्यवस्थित ढंग से खड़ा करने के बजाय निर्धारित पार्किंग स्थलों का ही उपयोग करें। इससे यातायात व्यवस्था सुचारु बनी रहेगी और स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटकों को भी जाम जैसी समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि प्रशासन और पुलिस की ओर से विभिन्न स्थानों पर नियमित चेकिंग अभियान चलाए जा रहे हैं तथा यातायात व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
उन्होंने पर्यटकों से उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर, स्थानीय रीति-रिवाजों और पारंपरिक मूल्यों को अपनाने एवं उनका सम्मान करने की अपील करते हुए कहा कि यहां का शांत और सौहार्दपूर्ण वातावरण सभी के सहयोग से ही सुरक्षित रखा जा सकता है। जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में आने वाले सभी पर्यटकों का हृदय से स्वागत है और उम्मीद है कि वे यहां की प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक धरोहर का आनंद लेने के साथ अपने साथ सकारात्मक अनुभव और अच्छा संदेश भी लेकर जाएंगे। इस संबंध में जिलाधिकारी ने जिला प्रशासन, पुलिस, परिवहन विभाग, नगर निकायों, जिला पंचायत, पेयजल एवं पर्यटन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जिले के सभी प्रमुख मार्गों और पर्यटन स्थलों पर यातायात व्यवस्था सुदृढ़ बनाए रखने के साथ पार्किंग स्थलों में आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं, ताकि पर्यटकों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।






