
हल्द्वानी। हल्द्वानी का राजकीय मेडिकल कॉलेज आयेदिन रैगिंग के मामले को लेकर अक्सर चर्चा में रहता है। तो वही बीते दिनों मेडिकल कॉलेज परिसर के मैस में सीनियर छात्रों ने जूनियर छात्र की रैगिंग की थी। मामला प्रकाश में आने पर मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने मामले की छानबीन की, और एंटी रैगिंग कमेटी की बैठक बुलाकर सख्त कार्यवाही करते हुए तीन छात्रों को 25-25 हज़ार का आर्थिक दण्ड दिया। साथ ही तीनों छात्रों को छः माह के लिए कॉलेज से भी बाहर किया और एक छात्र की छः माह तथा दो छात्रों की एक-एक माह की पढ़ाई पर रोक लगाई है।



प्राचार्य मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी
प्राचार्य डॉक्टर अरुण जोशी ने बताया कि बीती 25 मार्च को मैस में काफी चीखपुकार हो रही थी, जिस बारे में वह मौजूद सिक्योरिटी गार्ड ने बताया। जिसके बाद मौके पर पहुँचकर मामले की पूछताछ की, तो पता चला कि तीन द्वितीय वर्ष के छात्रों ने एक प्रथम वर्ष के छात्र के साथ रैगिंग की है, लेकिन प्रथम वर्ष के छात्र के द्वारा उसके था हुई रैगिंग के बारे में नही बताया गया।

प्राचार्य जोशी ने बताया कि रैगिंग की घटना की पुष्टि करने के लिए हमने अपने स्तर से छानबीन की, तो पता चला कि द्वितीय वर्ष के छात्रों ने प्रथम वर्ष के छात्र के साथ रैगिंग की थी। उन्होंने बताया कि रैगिंग की पुष्टि होने पर एंटी रैगिंग टीम की बैठक की गई, जिसमें दोषी छात्रों के खिलाफ कार्यवाही करते हुए तीनो छात्रों पर 25-25 हज़ार रुपये का आर्थिक दण्ड लगाया गया और छः माह के लिए होस्टल से भी निकाला गया। उन्होंने बताया कि दोषी छात्रों में से एक छात्र की छः माह और दो छात्रों की एक-एक माह की पढ़ाई भी रोकी गई है। इधर डॉक्टर जोशी ने बताया कि दोषी छात्रों के खिलाफ पूर्व में भी कार्यवाही की जा चुकी हैं।






