- नैनीताल-यूएस नगर में 98.5 प्रतिशत फॉर्म संग्रहित, मंडलायुक्त बोले—किसी भी पात्र मतदाता का नाम सूची से नहीं छूटना चाहिए
हल्द्वानी। मतदाता सूची को दुरुस्त करने के लिए चल रहे विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SIR) अभियान की प्रगति को लेकर मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तराखंड बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम ने बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक की। बैठक में कुमाऊं आयुक्त एवं मुख्यमंत्री सचिव दीपक रावत ने हल्द्वानी स्थित कैंप कार्यालय से प्रतिभाग किया और मंडल में चल रही पुनरीक्षण प्रक्रिया की जानकारी साझा की। कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत ने बताया कि कुमाऊं मंडल में विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही है और फॉर्म वितरण व संग्रहण का कार्य अब अंतिम चरण में पहुंच गया है। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची को अधिक सटीक और त्रुटिरहित बनाने के लिए प्रशासन लगातार निगरानी कर रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि कुमाऊं मंडल के विभिन्न जिलों में फॉर्म संग्रहण की स्थिति बेहतर रही है। चम्पावत और अल्मोड़ा जनपदों में फॉर्म संग्रहण का कार्य 100 प्रतिशत पूरा हो चुका है, जबकि बागेश्वर में 99.7 प्रतिशत, पिथौरागढ़ में 99.6 प्रतिशत तथा नैनीताल और ऊधमसिंह नगर में 98.5 प्रतिशत फॉर्म एकत्र किए जा चुके हैं।
मंडलायुक्त ने बताया कि कुछ फॉर्म अभी भी ‘अनकलेक्टेबल’ श्रेणी में हैं, जिन्हें किसी कारणवश एकत्र नहीं किया जा सका है। इस संबंध में सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) को स्पष्ट निर्देश जारी करें और यह सुनिश्चित करें कि किसी भी मतदाता के उपलब्ध होने के बावजूद लापरवाही के कारण उसका फॉर्म जमा होने से न छूटे। उन्होंने कहा कि प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से गलती से न हटे और प्रत्येक मतदाता का मतदान अधिकार सुरक्षित रहे। इसके लिए सभी स्तरों पर गहन जांच और निगरानी की जा रही है। कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत ने मंडल के मतदाताओं से अपील की है कि जिन लोगों ने बीएलओ से फॉर्म प्राप्त कर लिया है लेकिन अभी तक जमा नहीं किया है, वे तत्काल अपने क्षेत्र के बीएलओ को फॉर्म उपलब्ध करा दें। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में प्रत्येक पात्र व्यक्ति का नाम शामिल करना प्रशासन की प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की त्रुटि रोकने के लिए पूरी व्यवस्था सक्रिय रूप से कार्य कर रही है।







