नैनीताल। जनपद में अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से फायर सर्विस विभाग द्वारा व्यापक फायर ऑडिट एवं निरीक्षण अभियान चलाया गया। पुलिस मुख्यालय उत्तराखंड और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी के निर्देशों के अनुपालन में संचालित इस विशेष अभियान के तहत सरकारी कार्यालयों, अस्पतालों, होटलों, बैंकों और अन्य महत्वपूर्ण संस्थानों की अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं की गहन जांच की गई। मुख्य अग्निशमन अधिकारी नैनीताल गौरव किरार एवं अग्निशमन अधिकारी देवेंद्र सिंह नेगी के नेतृत्व में नैनीताल शहर के विभिन्न प्रमुख संस्थानों का संयुक्त निरीक्षण किया गया। इस दौरान राज्य अतिथि गृह, बी.डी. पांडे जिला चिकित्सालय, क्लब हाउस सहित कुल नौ संस्थानों का विस्तृत फायर ऑडिट किया गया। निरीक्षण के दौरान अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता, आपातकालीन निकास व्यवस्था, विद्युत सुरक्षा और आग लगने की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया की तैयारियों का मूल्यांकन किया गया।
ऑडिट के दौरान जिन संस्थानों में सुरक्षा मानकों से संबंधित कमियां पाई गईं, वहां संबंधित अधिकारियों और प्रबंधन को तत्काल सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि अग्नि सुरक्षा मानकों की अनदेखी किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं की जाएगी। वहीं अग्निशमन केंद्र हल्द्वानी और रामनगर की टीमों ने भी अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाते हुए बैंकों, होटलों, रिसोर्टों और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों सहित 14 संस्थानों का निरीक्षण किया। इस प्रकार पूरे जनपद में कुल 23 फायर ऑडिट और अग्नि सुरक्षा निरीक्षण सफलतापूर्वक संपन्न किए गए। मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि बढ़ती आबादी और व्यावसायिक गतिविधियों को देखते हुए अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूकता और सतर्कता अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य से भविष्य में भी नियमित रूप से ऐसे निरीक्षण अभियान चलाए जाएंगे तथा आमजन और संस्थानों को अग्नि सुरक्षा उपायों के प्रति जागरूक करने के लिए विशेष जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।






