बरेली। पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल में मानवता और कर्तव्यनिष्ठा की एक सराहनीय तस्वीर सामने आई है। छपरा–फर्रुखबाद एक्सप्रेस में यात्रा के दौरान प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक गर्भवती महिला को समय रहते सहायता उपलब्ध कराकर रेलवे कर्मचारी ने उसकी और उसके परिवार की बड़ी परेशानी को दूर कर दिया। इस संवेदनशील और चुनौतीपूर्ण स्थिति में उप मुख्य टिकट निरीक्षक की तत्परता और सूझबूझ यात्रियों के लिए राहत बनकर सामने आई। घटना 20 जनवरी की है, जब गाड़ी संख्या 15083 छपरा–फर्रुखबाद एक्सप्रेस अयोध्या रेलवे स्टेशन पर पहुंची। ट्रेन में सफर कर रहे यात्री अनिल यादव ने तड़के करीब चार बजे उप मुख्य टिकट निरीक्षक कानपुर अनवरगंज सुनील कुमार को सूचना दी कि सामान्य कोच में उनकी 28 वर्षीय पत्नी रेशमी को अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हो गई है और तत्काल मदद की आवश्यकता है। सूचना मिलते ही सुनील कुमार बिना देरी किए महिला यात्री के पास पहुंचे, उसे ढांढस बंधाया और हर संभव सहायता का भरोसा दिलाया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने त्वरित कार्रवाई करते हुए महिला को सामान्य कोच से वातानुकूलित कोच में सुरक्षित रूप से स्थानांतरित कराया, ताकि उसे बेहतर सुविधा मिल सके। इसके साथ ही मंडल वाणिज्य नियंत्रण कक्ष, इज्जतनगर को सूचित कर बाराबंकी स्टेशन पर एम्बुलेंस की व्यवस्था कराई गई। ट्रेन के बाराबंकी स्टेशन पहुंचते ही पहले से मौजूद एम्बुलेंस से महिला को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे बेहतर उपचार उपलब्ध कराया गया। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान ट्रेन में मौजूद यात्रियों और पीड़ित परिवार ने उप मुख्य टिकट निरीक्षक सुनील कुमार की संवेदनशीलता, तत्परता और मानवीय व्यवहार की खुले दिल से सराहना की। रेलवे अधिकारियों ने भी इसे कर्मचारी की कर्तव्यनिष्ठा और यात्रियों की सुरक्षा व सहायता के प्रति समर्पण का उदाहरण बताया है।









