हल्द्वानी। त्योहारी सीजन में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई के बीच मदर डेयरी के पैक्ड गाय के दूध का नमूना जांच में अधोमानक और मिथ्याछाप घोषित हुआ है। केंद्रीय खाद्य प्रयोगशाला, गाजियाबाद की रिपोर्ट में दूध में फैट की मात्रा निर्धारित मानक से कम पाई गई। विभाग ने मामले में नियमानुसार विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने अगस्त 2026 में हल्द्वानी के भोलानाथ गार्डन स्थित मदर डेयरी वितरक से दूध का नमूना लेकर जांच के लिए भेजा था। राजकीय खाद्य एवं औषधि प्रयोगशाला, रुद्रपुर में नमूना अधोमानक पाए जाने के बाद अपील पर इसे केंद्रीय खाद्य प्रयोगशाला, गाजियाबाद भेजा गया। 21 अक्टूबर को जारी रिपोर्ट के अनुसार दूध में फैट की मात्रा केवल 2.9 प्रतिशत मिली, जबकि निर्धारित न्यूनतम मानक 3.2 प्रतिशत है। वहीं, पैकेट पर न्यूनतम 4 प्रतिशत फैट होने का दावा किया गया था।

इसी आधार पर नमूने को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत अधोमानक और मिथ्याछाप घोषित किया गया है। उधर, बुधवार को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने रामनगर, हल्द्वानी नगर निगम क्षेत्र और लालकुआं सहित ग्रामीण क्षेत्रों में करीब दो दर्जन खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान 21 प्रतिष्ठानों से गुड़, गुलाब जामुन, पेड़ा, बेसन के लड्डू, बालूशाही और तिल-खोया लड्डू समेत विभिन्न खाद्य पदार्थों के 14 नमूने जांच के लिए एकत्र किए गए। खाद्य कारोबारियों को साफ-सफाई बनाए रखने और सुरक्षित खाद्य सामग्री बेचने के निर्देश भी दिए गए। कार्रवाई में तहसीलदार लालकुआं ईश्वर सिंह, सहायक आयुक्त अजय सिंह रावत, वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी और खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभय कुमार सिंह सहित विभागीय टीम मौजूद रही। विभाग ने उपभोक्ताओं से खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकिंग, निर्माण एवं एक्सपायरी तिथि और लाइसेंस संबंधी जानकारी जांचने की अपील की है।
