खटीमा। ऊधम सिंह नगर पुलिस ने कथित जबरन एवं प्रलोभन देकर धर्मांतरण कराने के आरोपों में बड़ी कार्रवाई करते हुए चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों पर गरीब, आर्थिक रूप से कमजोर और थारू समाज से जुड़े लोगों को पैसों, इलाज, आर्थिक मदद तथा अन्य प्रलोभनों का लालच देकर ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित करने और कथित रूप से दबाव बनाने के आरोप हैं। मामले में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमे दर्ज कर जांच की जा रही है। पुलिस के मुताबिक, 23 मई 2026 को खटीमा निवासी एक महिला ने शिकायत दर्ज कर आरोप लगाया कि उसके पति समेत कुछ लोगों द्वारा उस पर धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया जा रहा था। शिकायत में गाली-गलौज, धमकी और बच्चों को नुकसान पहुंचाने की चेतावनी जैसे आरोप भी लगाए गए। इसी आधार पर कोतवाली खटीमा में संबंधित धाराओं के साथ उत्तराखंड धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। जांच के दौरान पुलिस का दावा है कि एक आरोपी द्वारा आम लोगों, विशेषकर थारू समाज एवं गरीब परिवारों को बीमारी, पारिवारिक परेशानियों और आर्थिक समस्याओं से राहत दिलाने का भरोसा दिलाते हुए धर्म परिवर्तन के बदले आर्थिक सहायता का लालच दिए जाने की जानकारी सामने आई। पुलिस के अनुसार, आरोप है कि धर्म परिवर्तन करने पर प्रतिमाह धनराशि और एकमुश्त सहायता देने की बात कही जाती थी।
एक अन्य शिकायत 10 मई 2026 को दर्ज कराई गई थी, जिसमें आरोप लगाया गया कि कुछ लोग थारू बाहुल्य गांवों और गरीब परिवारों को प्रार्थना सभाओं में बुलाकर धार्मिक साहित्य वितरित कर धर्म परिवर्तन के लिए प्रभावित करने का प्रयास कर रहे थे। शिकायत में यह भी आरोप है कि विरोध करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी जाती थी। इस मामले में भी पुलिस ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देश पर विशेष टीमों का गठन किया गया। पुलिस अधीक्षक और क्षेत्राधिकारी स्तर की निगरानी में की गई कार्रवाई के दौरान 27 मई को चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस का कहना है कि अन्य नामजद आरोपियों की तलाश जारी है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के अनुसार, एक आरोपी के कब्जे से मोबाइल फोन बरामद किया गया है, जिसकी जांच में कथित तौर पर प्रार्थना सभाओं, आर्थिक लेनदेन और धर्मांतरण से संबंधित सामग्री मिलने का दावा किया गया है। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी शेष है और मामले की जांच जारी है। एसएसपी अजय गणपति ने कहा कि किसी भी व्यक्ति द्वारा लालच, भय या दबाव के माध्यम से धर्म परिवर्तन कराने अथवा सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने के प्रयासों पर कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनपद में कानून व्यवस्था और सभी वर्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करना पुलिस की प्राथमिकता है।











