रुद्रपुर। उत्तराखंड की ऊधमसिंह नगर पुलिस ने यशवंत गौड़ हत्याकांड का खुलासा करते हुए कहा कि हत्या पैसों के लेन देन को लेकर की गयी थी। दो सगे भाइयों समेत तीन गिरफ्तार किये गये हैं। पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर घोड़के ने रूद्रपुर में आज इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि 29 अगस्त को पंतनगर के पास संजय वन में एक शव बरामद हुआ था। पंतनगर थाना पुलिस ने पंचनामा भरने के साथ ही शव को कब्जे में ले लिया। शव की शिनाख्त यशवंत उर्फ युशु गौड़ निवासी सतबुंगा थाना मुक्तेश्वर, नैनीताल के रूप में हुई। मृतक के भाई की तहरीर पर पुलिस ने धारा 302 और 201 के तहत अभियोग पंजीकृत कर जांच शुरू कर दी।
जांच में आये तथ्यों के बाद पुलिस ने दो संगे भाइयों गौरव सिंह एवं संजय सिंह निवासी ग्राम भटेलिया, मुक्तेश्वर, जिला नैनीताल और उनके साथी मुदित उर्फ हर्ष गौड़ निवासी सतबुंगा, मुक्तेश्वर, नैनीताल को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी गौरव सिंह ने बताया कि यशवंत ने उसके 50 हजार रुपये देने थे। घटना के दिन आरोपियों में इसी लेन-देन को लेकर कहासुनी हुई और यशवंत ने गौरव को गाली दे दी। इससे गुस्साये गौरव ने मृतक की छाती में चाकू मार दिया। उसकी मौके पर ही मौत हो गयी। इसके बाद तीनों ने शव को रात को टांडा बैरियर से नीचे संजय वन के पास शव को जंगल में फेंक दिया और फरार हो गये। पुलिस ने तीनों आरोपियों को मंगलवार रात को टांडा जंगल से गिरफ्तार कर लिया। साथ ही घटना में प्रयुक्त चाकू और कार को भी बरामद कर लिया। आरोपियों का आपराधिक इतिहास है और तीनों के खिलाफ मुक्तेश्वर में तीन अभियोग पंजीकृत हैं।







