- महापौर गजराज सिंह बिष्ट ने जारी किया दिशा-निर्देश, सत्यापन के बाद ही लगेगा भवन कर
हल्द्वानी। नगर निगम द्वारा शहर की सीमा में हाल ही में सम्मिलित किए गए नए क्षेत्रों में स्थित व्यवसायिक और अनावासीय भवनों पर भवन कर वसूली की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। इस निर्णय के साथ निगम ने साफ कर दिया है कि नव सम्मिलित क्षेत्रों में रहने वाले व्यवसायिक संपत्ति मालिकों को अब नगर निगम की कराधान प्रणाली के अंतर्गत लाया जा रहा है। महापौर गजराज सिंह बिष्ट ने बताया कि उत्तराखंड शासन के वित्त एवं शहरी विकास विभाग के निर्देश पर नगर निगम सीमांतर्गत इन नए क्षेत्रों में GIS आधारित सर्वेक्षण कार्य पूरा किया गया है। इस सर्वे के उपरांत शहरी विकास निदेशालय द्वारा हल्द्वानी समेत राज्य के 10 बड़े नगर निकायों को ‘हैंड होल्डिंग प्रक्रिया’ शुरू करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
इस प्रक्रिया के अंतर्गत भवन स्वामी को उनके भवन से संबंधित सर्वे डाटा की प्रति और सूचना पत्र उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जिनके माध्यम से वे अपने भवन के विवरण का सत्यापन कर सकेंगे। महापौर ने स्पष्ट किया कि किसी भी व्यवसायिक या अनावासीय भवन पर कर तभी लागू होगा जब भवन स्वामी सर्वे विवरण की पुष्टि कर देगा। नगर निगम ने आवासीय भवन स्वामियों को भी राहत दी है। महापौर बिष्ट ने कहा कि नए क्षेत्रों में स्थित आवासीय भवनों से भवन कर वसूली की प्रक्रिया आगामी 1 अप्रैल 2028 से प्रारंभ होगी, यानी नगर निगम सीमा में सम्मिलित होने के 10 वर्ष बाद।





