रूद्रपुर। ऊधम सिंह नगर की स्थायी लोक अदालत ने एक फैसले में बीमा कंपनी आईसीआईसीआई लोमबार्ड को वाहन दुर्घटना मामले में पीड़ित पक्ष को पांच लाख रुपये की क्षतिपूर्ति देने का आदेश सुनाया है। यह फैसला बीमा क्लेम विवाद से जुड़े मामलों में उपभोक्ताओं के अधिकारों को मजबूती देने वाला माना जा रहा है और इससे बीमा कंपनियों की जवाबदेही पर भी स्पष्ट संदेश गया है। अध्यक्ष स्थायी लोक अदालत बृजेन्द्र सिंह ने बताया कि रूद्रपुर निवासी दर्शन सिंह ने अपनी कार दुर्घटना के बाद बीमा क्लेम न मिलने पर आईसीआईसीआई लोमबार्ड के विरुद्ध प्रार्थना पत्र दाखिल किया था। वादी के अनुसार 20 दिसंबर 2023 को उनका भतीजा विरेन्द्र अजीत और रविन्द्र के साथ कार से रूद्रपुर से किच्छा बाजार जा रहा था।

दोपहर करीब एक से डेढ़ बजे के बीच मुमताज गेट, शिमला पिस्तौर के पास कार का बायां टायर अचानक फट गया, जिससे वाहन अनियंत्रित होकर डिवाइडर पार करते हुए सामने से आ रहे ट्रक से टकरा गया और कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। घटना की सूचना तत्काल बीमा कंपनी को दी गई और उनके निर्देशानुसार वाहन को संबंधित प्रतिष्ठान में दिखाकर क्लेम फॉर्म भी जमा कर दिया गया। इसके बावजूद बीमा कंपनी ने चालक के पास वैध लाइसेंस न होने और ड्राइवर प्रतिस्थापन का हवाला देते हुए क्लेम देने से इंकार कर दिया। मामले की सुनवाई के बाद स्थायी लोक अदालत की पीठ, जिसमें अध्यक्ष बृजेन्द्र सिंह के साथ सदस्य अब्दुल नसीम और सदस्या अर्चना पीयूष पंत शामिल रहे, ने बीमा कंपनी को कार की क्षतिपूर्ति के रूप में पांच लाख रुपये देने का आदेश सुनाया।






