देहरादून। सड़क सुरक्षा को मजबूत बनाने और अवैध परिवहन व्यवस्था पर लगाम कसने के लिए परिवहन विभाग ने देहरादून में विशेष अभियान चलाकर जुगाड़ वाहनों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। दो दिनों तक चले इस अभियान में अवैध रूप से संचालित वाहनों पर कड़ा शिकंजा कसते हुए 16 जुगाड़ वाहनों को मौके पर ही कटवाया गया, जबकि कई अन्य वाहनों को सीज और चालान किया गया। संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन/सड़क सुरक्षा) डॉ० अनिता चमोला के निर्देशों पर चलाए गए इस अभियान में उन वाहनों की विशेष जांच की गई, जिनमें साइकिल का हैंडल लगाकर स्क्रैप वाहन का इंजन जोड़ दिया गया था या फिर दोपहिया वाहनों को काटकर उन्हें माल ढोने वाले कार्ट में बदल दिया गया था। जांच के दौरान ऐसे वाहनों पर कार्रवाई की गई जिनमें इंजन नंबर या चेसिस नंबर नहीं था अथवा दोनों में स्पष्ट असंगति पाई गई। अभियान के दौरान 16 जुगाड़ वाहनों को उनके स्वामियों से मौके पर ही कटवाया गया, जबकि नंबर अंकित होने वाले 5 वाहनों को निरुद्ध कर दिया गया। वाहन स्वामियों को सख्त चेतावनी दी गई कि भविष्य में इस प्रकार के अवैध वाहनों का संचालन न करें। इस दौरान व्यापारियों को भी जागरूक करते हुए उनसे अपील की गई कि वे माल ढुलाई के लिए जुगाड़ वाहनों का उपयोग न कर वैध और सुरक्षित परिवहन साधनों का ही इस्तेमाल करें।

अभियान के दौरान बालावाला क्षेत्र में एक दिलचस्प मामला सामने आया, जहां एक जुगाड़ वाहन की मूल आयु मात्र 6–7 वर्ष पाई गई, लेकिन उसे काटकर अवैध रूप से जुगाड़ वाहन में बदल दिया गया था। जब वाहन के नंबर और चेसिस नंबर का मिलान किया गया तो दोनों में असमानता पाई गई, जिस पर एआरटीओ प्रवर्तन पंकज श्रीवास्तव को वाहन के चोरी का होने का संदेह हुआ। इसके बाद मौके पर ही पुलिस से समन्वय कर एनसीआरबी डाटा के माध्यम से वाहन की जांच के निर्देश दिए गए हैं। जांच पूरी होने के बाद ही वाहन को छोड़े जाने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी। अभियान के दौरान रॉन्ग लेन या उल्टी दिशा में वाहन चलाने वालों पर भी सख्त कार्रवाई की गई और ऐसे 26 वाहनों के चालान किए गए। वाहन चालकों को चेतावनी दी गई कि भविष्य में नियमों का उल्लंघन करने पर उनके ड्राइविंग लाइसेंस के निलंबन की कार्रवाई भी की जा सकती है। दो दिनों तक चले इस विशेष अभियान में कुल 130 वाहनों के चालान किए गए और 26 वाहनों को सीज किया गया, जिनमें 5 जुगाड़ वाहन भी शामिल हैं। डॉ. अनीता चमोला ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा और वैध परिवहन व्यवस्था को बनाए रखने के लिए अवैध जुगाड़ वाहनों के खिलाफ इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।







