हल्द्वानी। प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों की जांच को लेकर गठित एकल सदस्यीय जांच आयोग ने शुक्रवार को काठगोदाम सर्किट हाउस में जनसुनवाई एवं जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किया। सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति यू.सी. ध्यानी की अध्यक्षता में हुई इस जनसुनवाई में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, परीक्षा केंद्र प्रभारियों और आम नागरिकों ने अपनी बात रखी। आयोग अध्यक्ष न्यायमूर्ति ध्यानी ने स्पष्ट किया कि जांच कार्य पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और तथ्यों पर आधारित होगा। उन्होंने कहा कि आयोग विभिन्न जिलों में जाकर जनता से सीधा संवाद कर रहा है ताकि अंतिम रिपोर्ट निष्पक्ष और संतुलित रूप से तैयार हो सके।
जनसुनवाई में उपस्थित अभ्यर्थियों ने मांग की कि परीक्षाओं की जांच पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ की जाए। साथ ही भविष्य में होने वाली परीक्षाओं के दौरान सुरक्षा और व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ किए जाने पर जोर दिया। आयोग के सचिव विक्रम सिंह राणा ने बताया कि जनसुनवाई में मिली शिकायतों और सुझावों को शामिल करते हुए विस्तृत रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी। इस दौरान अपर जिलाधिकारी शैलेंद्र सिंह नेगी ने आयोग को जानकारी दी कि गत 21 सितंबर को हुई परीक्षा में जिले के तीन क्षेत्रों में कुल 57 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे, जिनमें सुरक्षा एवं अन्य व्यवस्थाओं का विस्तृत ब्यौरा आयोग को उपलब्ध करा दिया गया है।






