- प्राचार्य डॉ. अजय आर्य ने की पुष्टि
- प्रशासन से प्रमाण पत्रों का सत्यापन होने के बाद की गई कार्रवाई
- एक छात्र ने नहीं लिया था दाखिला
हल्द्वानी। उत्तराखंड में एमबीबीएस दाखिलों के दौरान फर्जी प्रमाण पत्रों का मामला सामने आने के बीच हल्द्वानी स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज में भी छह मामले पुष्ट हुए हैं। कॉलेज प्रशासन के अनुसार, इन प्रमाण पत्रों के आधार पर प्रवेश लेने वाले छात्रों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें कॉलेज से बाहर कर दिया गया है। इनमें एक छात्र ऐसा भी था, जिसने दाखिला ही नहीं लिया था। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अजय आर्य ने छह मामलों की पुष्टि करते हुए बताया कि एमबीबीएस में प्रवेश लेने वाले छात्रों के प्रमाण पत्रों की सत्यता की जांच प्रशासन के माध्यम से कराई जाती है। कॉलेज की ओर से प्रमाण पत्र सत्यापन के लिए संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को भेजे जाते हैं। वहां से प्रमाण पत्र फर्जी होने की पुष्टि होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाती है।

प्राचार्य के मुताबिक, शैक्षणिक सत्र 2026-27 में एमबीबीएस प्रथम वर्ष में प्रवेश लेने वाले छात्रों से जुड़े ये मामले पिछले करीब 15 दिनों में सामने आए हैं। जांच के दौरान छह छात्रों के प्रमाण पत्र फर्जी पाए जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद संबंधित छात्रों के विरुद्ध कार्रवाई की गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि इन छह मामलों में एक छात्र ने प्रवेश नहीं लिया था, जबकि अन्य मामलों में दाखिले से जुड़े प्रकरण सामने आए। फर्जी प्रमाण पत्रों के आधार पर मेडिकल प्रवेश का मामला सामने आने के बाद प्रमाण पत्रों के सत्यापन की प्रक्रिया पर भी ध्यान केंद्रित हुआ है। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि प्रवेश प्रक्रिया में दस्तावेजों की जांच संबंधित प्रशासनिक स्तर पर कराई जाती है और प्रमाण पत्रों की स्थिति स्पष्ट होने के बाद ही नियमानुसार कदम उठाए जाते हैं।
